पेंशन एवं पेंशनभोगी कल्याण विभाग ने डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट अभियान 5 का औपचारिक शुभारंभ 6 नवंबर 2026 को किए जाने की घोषणा की है। यह अभियान 1 नवंबर से पहले ही चल रहा है और 30 नवंबर तक जारी रहेगा। सरकारी बैंक, इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक और दूसरे साझेदार 2,000 से ज्यादा शहरों और कस्बों में पेंशनभोगियों की मदद कर रहे हैं।

अभियान चल रहा है, औपचारिक शुभारंभ अलग कार्यक्रम है

पेंशन एवं पेंशनभोगी कल्याण विभाग (DoPPW) की ओर से 5 नवंबर 2026 को दोपहर 3:13 बजे जारी प्रेस सूचना ब्यूरो की विज्ञप्ति के अनुसार केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह 6 नवंबर को नई दिल्ली के राष्ट्रीय मीडिया केंद्र में राष्ट्रव्यापी डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र (DLC) अभियान 5 का औपचारिक शुभारंभ करेंगे। यह भविष्य के कार्यक्रम की घोषणा है; इसे शुभारंभ हो जाने की पुष्टि के रूप में नहीं पढ़ना चाहिए।

अभियान की शुरुआत 1 नवंबर को ही हो चुकी है और इसे 30 नवंबर 2026 तक चलना है। सरकार के अनुसार 2,000 से अधिक शहरों और कस्बों में पेंशनभोगियों तक पहुंचने की योजना है। जीवन प्रमाण ऐप के माध्यम से फेस ऑथेंटिकेशन जैसी तकनीकों का इस्तेमाल करके लाइफ सर्टिफिकेट जमा करना आसान बनाना इसका प्रमुख उद्देश्य है।

किन बैंकों और संस्थाओं का सहयोग है?

5 नवंबर की सरकारी विज्ञप्ति में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों, India Post Payments Bank, UIDAI, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी मंत्रालय, पेंशनर संगठनों, EPFO और विभिन्न मंत्रालयों व विभागों को अभियान के साझेदारों में शामिल बताया गया है। 80 वर्ष या उससे अधिक आयु वाले पेंशनभोगियों, महिला पेंशनभोगियों और स्वास्थ्य या चलने-फिरने में परेशानी झेल रहे लोगों की सुविधा पर खास जोर है। जो पेंशनभोगी अभियान स्थल तक नहीं पहुंच सकते, उनके लिए घर पर या डोरस्टेप सहायता की व्यवस्था करने की बात भी कही गई है।

बैंक कर्मचारियों के लिए क्या महत्वपूर्ण है?

इसका सीधा संबंध बैंकों की पेंशन भुगतान और ग्राहक सहायता से जुड़ी जिम्मेदारियों से है। भाग लेने वाले बैंक अपनी निर्धारित व्यवस्था के अनुसार पेंशनभोगियों को डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट की प्रक्रिया और उपलब्ध सहायता के बारे में बता सकते हैं। लेकिन हर शाखा में एक जैसी डोरस्टेप सेवा, पात्रता या तकनीकी व्यवस्था मान लेना सही नहीं होगा। संबंधित बैंक के आधिकारिक निर्देशों का पालन जरूरी है।

2 नवंबर को PIB की एक अलग विज्ञप्ति में बताया गया था कि State Bank of India ने 115 शहरों में विशेष DLC कैंप और शाखाओं के जरिए सहायता की व्यवस्था की है। उस खबर में पहले से हुई गतिविधि बताई गई थी, जबकि 5 नवंबर की विज्ञप्ति 6 नवंबर के प्रस्तावित औपचारिक शुभारंभ के बारे में है। दोनों घटनाओं की तारीख और स्थिति अलग हैं।

इस घोषणा का क्या मतलब नहीं है?

यह पेंशन बढ़ाने की घोषणा नहीं है और इससे हर तरह की पेंशन के नियम अपने-आप नहीं बदलते। इसे Union Bank या किसी अन्य बैंक के स्टाफ पेंशनर्स के लिए जारी अलग सर्कुलर भी नहीं समझना चाहिए। बैंक कर्मचारी और पेंशनभोगी अपनी पेंशन अथॉरिटी तथा बैंक के लागू निर्देशों से ही अंतिम प्रक्रिया की पुष्टि करें।

स्रोत और संदर्भ

इस रिपोर्ट के बारे में
स्रोत देखें, लागू होने की स्थिति जांचें और किसी गलती की जानकारी हमें दें।